रेशम मूल्य स्थिरीकरण निधि से कोया प्रोत्साहन और बीज-कोया बोनस (कर्नाटक रेशम विभाग)
बजट में राशि: कर्नाटक बजट 2026-27, व्यय खंड 3 (मार्च 2026, Head 2851-00-107-1-51 “Programs implemented by Price Stabilization Fund” — Subsidies (106), Budget Estimates 2026-27 ₹2,800.00 lakh)
सरकारी कोया बाज़ार में बाइवोल्टीन कोया बेचने वाले रेशम पालकों को ₹30 प्रति किलो; पंजीकृत बीज-कोया उत्पादकों को अधिक उपज वाले बीज कोया पर ₹120 प्रति किलो, और अच्छे बीज कोया को धागा निकालने के लिए बेचना पड़े तो ₹225 प्रति किलो।
- मुख्य लाभ
- ₹30प्रति किलो कोया, अधिकतम
- घटक
- 4हर एक दस्तावेज़ से पढ़ा
- कौन ले सकता है
- सभीआवेदक
- अंतिम तिथि
- कोई नहींकभी भी आवेदन
क्या मिलता है
सरकारी कोया बाज़ार में बेचे गए हर किलो बाइवोल्टीन कोया पर ₹30, अगर आपकी उपज 100 रोग-मुक्त अंडों पर 60 किलो से ज़्यादा है।
दस्तावेज़ में ठीक क्या लिखा है
केवल कर्नाटक के रेशम पालकों के लिए, केवल सरकारी बाज़ार में बिके बाइवोल्टीन (डबल हाइब्रिड) कोया पर, और केवल राज्य/केंद्र के बीज केंद्र या पंजीकृत निजी चॉकी केंद्र से लिए अंडों या चॉकी कीड़ों से। गिनी जाने वाली उपज 100 अंडों पर अधिकतम 90 किलो है; छेद वाले या ख़राब कोया पर कुछ नहीं मिलता। दरें रेशम विभाग के 2024-25 दिशानिर्देशों से हैं (31.05.2024 का परिपत्र, जो 22.04.2025 के आरटीआई 4(1)(बी) प्रकटीकरण में छपा है)। 2026-27 के बजट में इसी मूल्य स्थिरीकरण निधि शीर्ष में ₹2,800 लाख का अनुदान रखा है; बाद का कोई दर परिपत्र नहीं मिला।
“ಕಾರ್ಯಕ್ರಮ : 4 — ಬೈವೋಲ್ಟೈನ್ ರೇಷ್ಮೆ ಗೂಡುಗಳಿಗೆ ಪ್ರಸ್ತುತ ನೀಡುತ್ತಿರುವ ಪ್ರೋತ್ಸಾಹಧನವನ್ನು ಪ್ರತಿ ಕಿಲೋಗೆ 10 ರೂ.ನಿಂದ 30 ರೂ.ಗೆ ಹೆಚ್ಚಿಸಲು ಘೋಷಿಸಿದೆ. … ಸರ್ಕಾರದ ಆದೇಶದ ದಿನಾಂಕ : 04.06.2024ರಿಂದ ಸರ್ಕಾರಿ ರೇಷ್ಮೆ ಗೂಡು ಮಾರುಕಟ್ಟೆಗಳಲ್ಲಿ ಮಾರಾಟವಾಗುವ ದ್ವಿತಳಿ ರೇಷ್ಮೆ ಗೂಡುಗಳಿಗೆ ಪ್ರತಿ ಕೆ.ಜಿಗೆ ರೂ.30/-ರಂತೆ ಪ್ರೋತ್ಸಾಹಧನ ನೀಡಲು ಅವಕಾಶವಿರುತ್ತದೆ.”पंजीकृत बीज उत्पादकों के उपज और गुणवत्ता सीमा पूरी करने वाले बीज कोया पर ₹120 प्रति किलो (शुद्ध मैसूर: 100 अंडों पर कम से कम 35 किलो; शुद्ध बाइवोल्टीन: 50 किलो से ज़्यादा)।
दस्तावेज़ में ठीक क्या लिखा है
केवल केंद्रीय रेशम बोर्ड में पंजीकृत बीज उत्पादकों के लिए, जिन्होंने राज्य/केंद्र के बीज केंद्रों से रोग-मुक्त अंडे लिए हों; प्रति किलो कोया की गिनती 900 (मैसूर) या 700 (बाइवोल्टीन) से कम होनी चाहिए। दरें रेशम विभाग के 2024-25 दिशानिर्देशों से हैं (31.05.2024 का परिपत्र, जो 22.04.2025 के आरटीआई 4(1)(बी) प्रकटीकरण में छपा है)। 2026-27 के बजट में इसी मूल्य स्थिरीकरण निधि शीर्ष में ₹2,800 लाख का अनुदान रखा है; बाद का कोई दर परिपत्र नहीं मिला।
“ಕಾರ್ಯಕ್ರಮ : 3 — ರಾಜ್ಯದಲ್ಲಿ ಉತ್ಪಾದನೆಯಾಗಿ ಸರ್ಕಾರಿ ರೇಷ್ಮೆ ಗೂಡಿನ ಮಾರುಕಟ್ಟೆಗಳ ಮೂಲಕ ವಹಿವಾಟಾಗುವ ರೇಷ್ಮೆ ಬಿತ್ತನೆ ಗೂಡುಗಳಿಗೆ ಉತ್ಪಾದಕತೆ ಮತ್ತು ಗುಣಮಟ್ಟ ಆಧರಿಸಿ ಪ್ರತಿ ಕೆ.ಜಿ.ಗೆ ರೂ.120/- ಪ್ರೋತ್ಸಾಹಧನ ನೀಡುವುದು.”बीज के लायक शुद्ध मैसूर बीज कोया का ख़रीदार न मिले और उसे धागा निकालने के लिए बेचना पड़े, तो ₹225 प्रति किलो बोनस (100 अंडों पर कम से कम 32 किलो उपज)।
दस्तावेज़ में ठीक क्या लिखा है
केवल मैसूर बीज क्षेत्र के केंद्रीय रेशम बोर्ड में पंजीकृत बीज उत्पादकों के लिए; प्रति किलो 1,000 से ज़्यादा कोया नहीं होने चाहिए और कोया तुरंत सुखाने (स्टिफ़लिंग) होंगे। दरें रेशम विभाग के 2024-25 दिशानिर्देशों से हैं (31.05.2024 का परिपत्र, जो 22.04.2025 के आरटीआई 4(1)(बी) प्रकटीकरण में छपा है)। 2026-27 के बजट में इसी मूल्य स्थिरीकरण निधि शीर्ष में ₹2,800 लाख का अनुदान रखा है; बाद का कोई दर परिपत्र नहीं मिला।
“ಕಾರ್ಯಕ್ರಮ : 1 — ಮೈಸೂರು ಬಿತ್ತನೆ ವಲಯದಲ್ಲಿ ಬಿತ್ತನೆಗೆ ಯೋಗ್ಯವಾಗಿದ್ದು, ಬೇಡಿಕೆ ಇಲ್ಲದೆ ನೂಲು ಬಿಚ್ಚಾಣಿಕೆಗೆ ಮಾರಾಟವಾಗುವ ಶುದ್ಧ ಮೈಸೂರು ತಳಿ ಬಿತ್ತನೆ ಗೂಡಿಗೆ ಬೋನಸ್ ಪ್ರತಿ ಕೆ.ಜಿ.ಗೆ ರೂ.225/- ನೀಡುವುದು.”बीज के लायक बाइवोल्टीन बीज कोया का ख़रीदार न मिले और उसे धागा निकालने के लिए बेचना पड़े, तो ₹225 प्रति किलो बोनस (100 अंडों पर कम से कम 45 किलो उपज)।
दस्तावेज़ में ठीक क्या लिखा है
केवल बाइवोल्टीन बीज क्षेत्र के केंद्रीय रेशम बोर्ड में पंजीकृत बीज उत्पादकों के लिए; प्रति किलो 700 से ज़्यादा कोया नहीं होने चाहिए। दरें रेशम विभाग के 2024-25 दिशानिर्देशों से हैं (31.05.2024 का परिपत्र, जो 22.04.2025 के आरटीआई 4(1)(बी) प्रकटीकरण में छपा है)। 2026-27 के बजट में इसी मूल्य स्थिरीकरण निधि शीर्ष में ₹2,800 लाख का अनुदान रखा है; बाद का कोई दर परिपत्र नहीं मिला।
“ಕಾರ್ಯಕ್ರಮ : 2 — ದ್ವಿತಳಿ(ಬೈವೋಲ್ಟೈನ್) ಬಿತ್ತನೆ ವಲಯದಲ್ಲಿ ಬಿತ್ತನೆಗೆ ಯೋಗ್ಯವಾಗಿದ್ದು, ಬೇಡಿಕೆ ಇಲ್ಲದೆ ನೂಲು ಬಿಚ್ಚಾಣಿಕೆಗೆ ವಿಲೇವಾರಿಯಾದಲ್ಲಿ ಅಂತಹ ಬಿತ್ತನೆ ಗೂಡಿಗೆ ಪ್ರತಿ ಕೆ.ಜಿ.ಗೆ ರೂ.225/-ಗಳ ಬೋನಸ್ ಪಾವತಿಸುವುದು.”मुझे कितना मिल सकता है?
आँकड़ा देखने के लिए किलो कोया की संख्या भरें।
केवल कर्नाटक के रेशम पालकों के लिए, केवल सरकारी बाज़ार में बिके बाइवोल्टीन (डबल हाइब्रिड) कोया पर, और केवल राज्य/केंद्र के बीज केंद्र या पंजीकृत निजी चॉकी केंद्र से लिए अंडों या चॉकी कीड़ों से। गिनी जाने वाली उपज 100 अंडों पर अधिकतम 90 किलो है; छेद वाले या ख़राब कोया पर कुछ नहीं मिलता। दरें रेशम विभाग के 2024-25 दिशानिर्देशों से हैं (31.05.2024 का परिपत्र, जो 22.04.2025 के आरटीआई 4(1)(बी) प्रकटीकरण में छपा है)। 2026-27 के बजट में इसी मूल्य स्थिरीकरण निधि शीर्ष में ₹2,800 लाख का अनुदान रखा है; बाद का कोई दर परिपत्र नहीं मिला।
कौन आवेदन कर सकता है
- सभी आवेदक
ज़रूरी काग़ज़
- रेशम पासबुक
- रोग-मुक्त अंडों या चॉकी कीड़ों की रसीद
- कोया बाज़ार की नीलामी पर्ची
- बैंक पासबुक और आधार की प्रति
आवेदन कैसे करें
- तकनीकी सेवा केंद्र पर अपनी रेशम पासबुक अद्यतन रखें — ख़रीदे अंडे या चॉकी कीड़े, पालन और बाज़ार बिक्री उसी में दर्ज होती है (कार्यक्रम 4, भाग I)।
- कोया सरकारी कोया बाज़ार में बेचें और नीलामी पर्ची तथा रोग-मुक्त अंडों / चॉकी कीड़ों की रसीद संभालकर रखें (कार्यक्रम 4, क्रम 4)।
- केंद्र आधार और बैंक पासबुक की प्रति के साथ आपका प्रस्ताव भेजता है; पैसा खजाने-2 / DBT से आपके बैंक खाते में आता है (कार्यक्रम 4, भाग I–II)।
आवेदन मुफ़्त है। आवेदन के लिए किसी को पैसा न दें।
कब आवेदन करें
दिशानिर्देशों में कोई अंतिम तिथि नहीं है।
दूसरी योजनाओं के साथ
दस्तावेज़ इस पर कुछ नहीं कहते कि इसे दूसरी योजनाओं के साथ जोड़ा जा सकता है या नहीं। दोनों पर भरोसा करने से पहले कार्यालय से पूछें।