व्यवसायिक वर्मी कम्पोस्ट उत्पादन इकाई अनुदान, बिहार
चालू होने का आधार: बिहार वर्मी कम्पोस्ट व गोबर गैस इकाई कार्यान्वयन अनुदेश 2026-27 (पत्रांक 562, 13.08.2026) (13 अग॰ 2026, Covering letter and table "वित्तीय वर्ष 2026–27": 20 units of 3000 MT, ₹400.00 lakh)
व्यवसायिक वर्मी कम्पोस्ट इकाई लगाने वाले एफपीओ, किसान समूह, किसान, उद्यमी, स्टार्टअप, गैर सरकारी संगठन और केवीके को परियोजना लागत का 40%, अधिकतम ₹6.40 लाख (1,000 टन प्रति वर्ष), ₹12.80 लाख (2,000 टन) या ₹20.00 लाख (3,000 टन), तीन किस्तों 50:25:25 में।
- मुख्य लाभ
- 40%लागत का, अधिकतम
- घटक
- 1हर एक दस्तावेज़ से पढ़ा
- कौन ले सकता है
- 9तरह के आवेदक
- अंतिम तिथि
- बंद हुआ 30 सित॰ 2026“कब आवेदन करें” देखें
क्या मिलता है
परियोजना लागत का 40%, 1,000 टन वार्षिक इकाई पर अधिकतम ₹6.40 लाख, 2,000 टन पर ₹12.80 लाख और 3,000 टन पर ₹20.00 लाख।
दस्तावेज़ में ठीक क्या लिखा है
गैर सरकारी संगठन, केवीके और किसान रुचि समूह भी आवेदन कर सकते हैं। 2026-27 का लक्ष्य 20 इकाइयाँ हैं, सभी 3,000 टन की (₹400 लाख); 1,000 और 2,000 टन का इस वर्ष लक्ष्य 0 है (तालिका, पीडीएफ पृ. 18)। कम-से-कम 10 वर्ष पूरी क्षमता से उत्पादन करना अनिवार्य है, वरना अनुदान एकमुश्त वसूला जाएगा (धारा 3)। पहले लाभ ले चुके आवेदक पात्र नहीं (धारा 5(ख))।
“व्यवसायिक वर्मी कम्पोस्ट उत्पादन इकाई की स्थापना हेतु FPO/FPC/FIG/ किसान/ किसान समूह/उद्यमी/स्टार्टअप/गैर सरकारी संगठन/KVK प्रतिवर्ष 1000, 2000, एवं 3000 मे0 टन क्षमता वाले इकाईयों का कुल लागत मूल्य क्रमशः 16.00 लाख रू0, 32.00 लाख रू0 एवं 50.00 लाख रू0 के लिए 40 प्रतिशत अनुदान राशि या अधिकतम क्रमशः 6.40 लाख रू0, 12.80 लाख रू0 एवं 20.00 लाख रू0, दोनों में से जो कम हो अनुदान दिये जाने का प्रावधान है।”मुझे कितना मिल सकता है?
आँकड़ा देखने के लिए क्षमता (टन प्रति वर्ष) भरें।
गैर सरकारी संगठन, केवीके और किसान रुचि समूह भी आवेदन कर सकते हैं। 2026-27 का लक्ष्य 20 इकाइयाँ हैं, सभी 3,000 टन की (₹400 लाख); 1,000 और 2,000 टन का इस वर्ष लक्ष्य 0 है (तालिका, पीडीएफ पृ. 18)। कम-से-कम 10 वर्ष पूरी क्षमता से उत्पादन करना अनिवार्य है, वरना अनुदान एकमुश्त वसूला जाएगा (धारा 3)। पहले लाभ ले चुके आवेदक पात्र नहीं (धारा 5(ख))।
कौन आवेदन कर सकता है
- अन्य किसान
- लघु या सीमांत किसान
- अनुसूचित जाति किसान
- अनुसूचित जनजाति किसान
- महिला किसान
- एफ़पीओ
- स्वयं सहायता समूह
- कृषि उद्यमी
- कृषि स्टार्टअप
ज़रूरी काग़ज़
- इकाई का स्पष्ट परियोजना प्रस्ताव
- अंचलाधिकारी का अद्यतन भूमि स्वामित्व प्रमाण पत्र और लगान रसीद, या कम-से-कम 10 वर्ष की रजिस्टर्ड लीज़; 1,000, 2,000 या 3,000 टन के लिए एक प्लॉट में कम-से-कम 35, 70 या 100 डिसमिल ज़मीन
- बैंक ऋण की सहमति पत्र, या बिना ऋण पूरा करने का नोटरी से सत्यापित ₹100 का शपथ पत्र (प्रपत्र-01)
- परियोजना स्थल का रोड मैप स्केच; आवेदक का आधार और पैन (कंपनी/पार्टनरशिप हो तो उसका पैन, और कंपनी हो तो निबंधन, AoA और MoA)
- कम-से-कम 10 वर्ष पूरी क्षमता से उत्पादन का नोटरी से सत्यापित ₹100 का शपथ पत्र (प्रपत्र-02)
आवेदन कैसे करें
- dbtagriculture.bihar.gov.in पर परियोजना प्रस्ताव और सूचीबद्ध कागज़ात के साथ कृषि निदेशक को ऑनलाइन आवेदन करें (धारा 5)।
- निदेशालय कागज़ात जाँचकर 5 दिन में सैद्धांतिक स्वीकृति (प्रपत्र-03) देता है (धारा 7)।
- कम्पोस्ट बेचने से पहले उसकी गुणवत्ता जाँच कराएँ और विपणन प्राधिकार पत्र लें, जिसका ऑनलाइन आवेदन ₹2,250 पंजीयन शुल्क के साथ होता है (धारा 8–9)।
- प्रपत्र-06 पर अनुदान का दावा करें: सिविल कार्य, प्लांट और मशीनरी पूरे होने पर 50%, आधी क्षमता पर उत्पादन होने पर 25%, पूरी क्षमता पर शेष 25% (धारा 10(ख), 10(ग))।
आवेदन मुफ़्त है। आवेदन के लिए किसी को पैसा न दें।
कब आवेदन करें
2026-27 के लिए ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि 30 सितंबर 2026 थी।
दूसरी योजनाओं के साथ
दस्तावेज़ इस पर कुछ नहीं कहते कि इसे दूसरी योजनाओं के साथ जोड़ा जा सकता है या नहीं। दोनों पर भरोसा करने से पहले कार्यालय से पूछें।