राष्ट्रीय बांस मिशन — किसानों के खेत में बांस रोपण
2026-27 के केंद्रीय बजट में राशि: केंद्रीय व्यय बजट 2026-27 (फ़र॰ 2026, Demand No. 1 (Department of Agriculture and Farmers Welfare), item 40 Krishionnati Yojna, BE 2026-27 ₹11,200.00 crore; Notes item 40 (NBM’s Annual Action Plan is part of the consolidated Krishonnati Yojana Action Plan — NBM Operational Guidelines 2025, §6, p.10))
अपनी ज़मीन पर बांस रोपण की आधी लागत — ₹1.20 लाख प्रति हेक्टेयर मानक पर (पूर्वोत्तर में ₹1.30 लाख), अधिकतम 10 हेक्टेयर, दो साल में।
- मुख्य लाभ
- 50%लागत का, अधिकतम
- घटक
- 2हर एक दस्तावेज़ से पढ़ा
- कौन ले सकता है
- सभीआवेदक
- अंतिम तिथि
- कोई नहींकभी भी आवेदन
क्या मिलता है
बांस रोपण लागत का 50%, ₹1,20,000 प्रति हेक्टेयर मानक पर (पूर्वोत्तर में ₹1,30,000), अधिकतम 10 हेक्टेयर — पूर्वोत्तर के बाहर ₹60,000 प्रति हेक्टेयर।
दस्तावेज़ में ठीक क्या लिखा है
मेड़ पर रोपण ₹300 प्रति पौधे से गिना जाता है। वन अधिकार (एफ़आरए पट्टा) वाले अनुसूचित जनजाति लाभार्थियों को 90% (अनुलग्नक I, टिप्पणी 3)। दूसरे साल की राशि पौधों के जीवित रहने पर निर्भर है। एनबीएम राज्य बांस मिशन चलाता है और राज्य के साथ मिलकर वित्त देता है (60:40; पूर्वोत्तर व पहाड़ी राज्यों में 90:10, §8), इसलिए यह वहीं मिलता है जहाँ राज्य इसे अपनी योजना में शामिल करे।
“Plantation (Using planting material from the accredited/approved nurseries) — Rs.1.20 lakh per ha (min 400 plants/ha) or Rs. 300/- per plant (for boundary plantation with nominal spacing of 5m). For the NER States cost norm shall be Rs.1.30 lakh per ha. — 100% of cost to Govt. sector. For private sector 50% of the cost upto 10 Ha over 2 years (60:40). No subsidy will be provided for private plantation above 10 ha per person.”मौजूदा बांस बागान सुधारने के लिए ₹30,000 प्रति हेक्टेयर का 50% (₹15,000), अधिकतम 2 हेक्टेयर, 5 साल में एक बार।
दस्तावेज़ में ठीक क्या लिखा है
केवल उन मौजूदा बागानों के लिए जिन्हें पिछले 5 साल में एनबीएम सहायता नहीं मिली। पूर्वोत्तर में लागत मानक 10% अधिक है (अनुलग्नक I, टिप्पणी 1); हम सामान्य मानक दिखाते हैं।
“Stock Improvement — Rs. 30,000 per ha once in 5 years. — For Government 100%. For private 50% limited to 2 ha per beneficiary. For existing plantations where no NBM assistance received in past 5 years.”मुझे कितना मिल सकता है?
आँकड़ा देखने के लिए रोपित क्षेत्र (हेक्टेयर) भरें।
मेड़ पर रोपण ₹300 प्रति पौधे से गिना जाता है। वन अधिकार (एफ़आरए पट्टा) वाले अनुसूचित जनजाति लाभार्थियों को 90% (अनुलग्नक I, टिप्पणी 3)। दूसरे साल की राशि पौधों के जीवित रहने पर निर्भर है। एनबीएम राज्य बांस मिशन चलाता है और राज्य के साथ मिलकर वित्त देता है (60:40; पूर्वोत्तर व पहाड़ी राज्यों में 90:10, §8), इसलिए यह वहीं मिलता है जहाँ राज्य इसे अपनी योजना में शामिल करे।
कौन आवेदन कर सकता है
- सभी आवेदक
ज़रूरी काग़ज़
- राज्य बांस मिशन ऑनलाइन पंजीकरण में जो माँगे (दिशानिर्देश सूची राज्य पर छोड़ते हैं)
आवेदन कैसे करें
- अपने राज्य बांस मिशन में पंजीकरण कराएँ (जहाँ राज्य का पोर्टल हो वहाँ ऑनलाइन); वही वार्षिक कार्ययोजना में लाभार्थी चुनता है (§7)।
- मान्यता प्राप्त/स्वीकृत नर्सरी की पौध से अनुशंसित प्रजाति का बांस लगाएँ, कम से कम 400 पौधे प्रति हेक्टेयर (§12; अनुलग्नक I, A.2)।
- सब्सिडी दो साल में 60:40 में मिलती है, और दूसरा हिस्सा पौधों के जीवित रहने से जुड़ा है (अनुलग्नक I, A.2)।
आवेदन मुफ़्त है। आवेदन के लिए किसी को पैसा न दें।
कब आवेदन करें
दिशानिर्देशों में कोई अंतिम तिथि नहीं है।
दूसरी योजनाओं के साथ
दस्तावेज़ इस पर कुछ नहीं कहते कि इसे दूसरी योजनाओं के साथ जोड़ा जा सकता है या नहीं। दोनों पर भरोसा करने से पहले कार्यालय से पूछें।